नैनीताल: कक्षा 1 की नई आयु सीमा से 4 हजार दाखिले पर संकट, अभिभावकों में बढ़ी चिंता

उत्तराखंड में कक्षा 1 में प्रवेश के लिए आयु सीमा को लेकर जारी नए नियमों ने नैनीताल जिले में हजारों अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी है। नई व्यवस्था के तहत आयु निर्धारण के नियम में बदलाव के बाद करीब 4 हजार बच्चों के दाखिले पर संकट मंडराने लगा है।
जानकारी के अनुसार, पहले आयु सीमा को लेकर अलग-अलग आदेशों की वजह से स्कूलों और अभिभावकों में भ्रम की स्थिति बनी हुई थी। अब सरकार ने स्पष्ट किया है कि एक जुलाई तक छह वर्ष की आयु पूरी करने वाले बच्चों को कक्षा 1 में प्रवेश दिया जाएगा, लेकिन इस बदलाव के बावजूद कई निजी स्कूलों में पहले से चल रही प्रक्रिया और नए निर्देशों के बीच असमंजस बना हुआ है।
नैनीताल और हल्द्वानी क्षेत्र के कई स्कूलों में ऐसे बच्चों की संख्या काफी अधिक है, जिनकी उम्र पहले के नियम के अनुसार पात्र थी, लेकिन संशोधित व्यवस्था के चलते उनके प्रवेश पर सवाल खड़े हो गए हैं। इससे अभिभावक शिक्षा विभाग के दफ्तरों के चक्कर काटने को मजबूर हैं।
शिक्षा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जिन बच्चों ने पहले से प्री-स्कूल या यूकेजी में प्रवेश ले रखा है, उनकी पढ़ाई की निरंतरता प्रभावित नहीं होने दी जाएगी। ऐसे बच्चों को पूर्व वर्षों की तरह कक्षा 1 में प्रवेश देने के लिए अलग व्यवस्था पर भी विचार किया जा रहा है।



