राष्ट्रपति भवन में बाल दिवस का उल्लास: बच्चों संग हंसी-खुशी और प्रेरणा का खास पल

बाल दिवस के अवसर पर राजधानी दिल्ली के विभिन्न स्कूलों और सामाजिक संगठनों से आए बच्चों ने मंगलवार को राष्ट्रपति भवन का दौरा किया। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बच्चों से बातचीत की और उन्हें देश का भविष्य बताते हुए जिम्मेदार और आत्मविश्वासी नागरिक बनने की प्रेरणा दी।
हर साल 14 नवंबर को भारत के प्रथम प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू की जन्म जयंती पर बाल दिवस मनाया जाता है। “चाचा नेहरू” के प्रति बच्चों के प्रेम और उनकी बाल-हितैषी सोच को याद करते हुए राष्ट्रपति ने सोशल मीडिया पर लिखा—
“बाल दिवस के अवसर पर मैंने विभिन्न संस्थानों और स्कूलों के बच्चों से मुलाकात की। बच्चे हमारे राष्ट्र का भविष्य हैं, इसलिए उनका मार्गदर्शन और पोषण अत्यंत आवश्यक है।”
कार्यक्रम के दौरान कई बच्चों ने ‘वंदे मातरम’ गाया और कविताएँ सुनाईं, जिससे माहौल उत्साहपूर्ण हो गया।
राष्ट्रीय राजधानी के आकाशवाणी भवन में भी इस मौके पर ‘लिली’ फिल्म की विशेष स्क्रीनिंग आयोजित की गई। प्रसार भारती के सीईओ गौरव द्विवेदी ने कहा कि बच्चों को ऐसा मनोरंजन दिखाना चाहिए जो उन्हें अच्छी आदतें सीखने के लिए प्रेरित करे।
उधर, इंडिया ऑटिज़्म सेंटर ने बाल दिवस को अनूठे तरीके से मनाते हुए ‘सिट-डाउन सपर’ और ‘किचन टेकओवर’ कार्यक्रम आयोजित किया, जिसमें 30 से अधिक बच्चों ने भाग लिया। संस्था के सीईओ जैशंकर नटराजन ने कहा—
“हमारे लिए बाल दिवस हमेशा खुशी, समावेशन और क्षमता का उत्सव है। इस साल का कार्यक्रम बच्चों की आत्मअभिव्यक्ति और नेतृत्व क्षमता का शानदार उदाहरण था।”



