बदरीनाथ धाम में नए नियम लागू: भागवत कथा के लिए अनुमति जरूरी, मांस लाने पर लगेगा जुर्माना

चारधाम यात्रा से पहले बदरीनाथ धाम प्रशासन ने श्रद्धालुओं और आयोजकों के लिए नए नियम लागू कर दिए हैं। अब धाम क्षेत्र में भागवत कथा, भंडारा और किसी भी विशेष धार्मिक आयोजन के लिए नगर पंचायत से पहले अनुमति लेना अनिवार्य होगा। बिना अनुमति आयोजन करने पर 50 हजार रुपये तक का जुर्माना लगाया जाएगा।
नगर पंचायत ने इस व्यवस्था को सुव्यवस्थित करने के लिए तीन नई उपविधियां (बायलॉज) तैयार की हैं। इनमें धार्मिक कार्यक्रम नियंत्रण, मांसाहार परिवहन एवं उपयोग प्रतिबंध, और झुग्गी-झोपड़ी/अस्थायी आवास नियंत्रण से जुड़े नियम शामिल हैं। अब अनुमति ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से लेनी होगी, साथ ही आयोजन के लिए यूजर चार्ज भी देना होगा।
सबसे बड़ा फैसला यह है कि बदरीनाथ क्षेत्र में मांस लाने और उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। यदि कोई व्यक्ति मांस लेकर आता पकड़ा गया तो उसके खिलाफ कार्रवाई के साथ जुर्माना भी लगाया जाएगा। प्रशासन का कहना है कि पिछले वर्षों में कुछ मजदूर मांस के साथ पकड़े गए थे, जिसके बाद यह सख्त कदम उठाया गया है।
इसके अलावा धाम क्षेत्र में झुग्गी, झोपड़ी या अस्थायी आवास बनाने से पहले भी नगर पंचायत की अनुमति जरूरी होगी। स्वच्छता को ध्यान में रखते हुए शौचालय निर्माण को भी अनिवार्य किया गया है। गजट नोटिफिकेशन जारी होते ही ये नियम पूरी तरह लागू हो जाएंगे।



