चमोली/ज्योतिर्मठ: हेमकुंड साहिब यात्रा से पहले सेना और ट्रस्ट ने की ट्रेक रूट की रेकी, पांच से छह फीट बर्फ जमी

हेमकुंड साहिब यात्रा 2026 की तैयारियां तेज हो गई हैं। यात्रा शुरू होने से पहले भारतीय सेना के जवानों और गुरुद्वारा श्री हेमकुंड साहिब मैनेजमेंट ट्रस्ट के सेवादारों ने गोविंदघाट से हेमकुंड साहिब तक ट्रेक रूट की संयुक्त रेकी की। रेकी में मार्ग पर कई स्थानों पर भारी बर्फबारी की स्थिति सामने आई।
जांच के दौरान पाया गया कि हेमकुंड साहिब परिसर में करीब पांच से छह फीट तक बर्फ जमी हुई है, जबकि रास्ते में अटलाकोटी ग्लेशियर पॉइंट पर भी पर्याप्त बर्फ मौजूद है। पिछले दस दिनों में हुई ताजा बर्फबारी के बावजूद अधिकारियों को उम्मीद है कि धूप निकलने पर बर्फ तेजी से पिघलेगी, जिससे ट्रेक रूट साफ करने में आसानी होगी।
अधिकारियों के मुताबिक, 15 अप्रैल के बाद भारतीय सेना की टुकड़ी बर्फ हटाने के लिए मार्ग पर तैनात होगी, ताकि कपाट खुलने से पहले रास्ता श्रद्धालुओं के लिए पूरी तरह सुरक्षित बनाया जा सके। इस वर्ष हेमकुंड साहिब यात्रा 23 मई से शुरू होगी, जबकि पहला जत्था 20 मई को ऋषिकेश से रवाना किया जाएगा।
प्रशासन, सेना और ट्रस्ट के बीच समन्वय के साथ यात्रा को सुरक्षित, सुगम और सुविधाजनक बनाने की तैयारियां युद्धस्तर पर चल रही हैं, ताकि देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।



