चारधाम यात्रा पर मानसून का असर: भूस्खलन से 38 सड़कें बंद, कई मार्गों पर मलबा, प्रशासन ने जारी की एडवाइजरी

देहरादून। उत्तराखंड में लगातार हो रही भारी बारिश का असर चारधाम यात्रा पर साफ दिखाई देने लगा है। राज्य के विभिन्न पर्वतीय क्षेत्रों में भूस्खलन और पहाड़ियों से मलबा आने के कारण 38 सड़कें बंद हो गई हैं, जिससे यात्रियों और स्थानीय लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। प्रशासन सड़कों को जल्द से जल्द खोलने के लिए युद्धस्तर पर राहत एवं बहाली कार्य में जुटा है।
सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों में उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली और अन्य पर्वतीय जिले शामिल हैं। कई स्थानों पर लगातार बारिश के चलते सड़कों पर मलबा और बोल्डर आ गए हैं, जिससे चारधाम यात्रा मार्गों पर यातायात बाधित हुआ। मशीनों की मदद से मलबा हटाने का कार्य लगातार जारी है।
प्रशासन ने यात्रियों से मौसम की ताजा जानकारी और सड़क मार्ग की स्थिति की पुष्टि करने के बाद ही यात्रा शुरू करने की अपील की है। मौसम विभाग ने आगामी दिनों में भी कई इलाकों में भारी बारिश की संभावना जताई है, जिसके चलते भूस्खलन का खतरा बना हुआ है।
अधिकारियों का कहना है कि चारधाम यात्रा पूरी तरह बंद नहीं की गई है, लेकिन संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती जा रही है। पुलिस, लोक निर्माण विभाग (PWD), राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) और आपदा प्रबंधन की टीमें लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं और मार्गों को सुरक्षित बनाने का प्रयास कर रही हैं।



