नैनीताल हादसा: पर्यटकों से भरा टेंपो ट्रैवलर 100 फीट गहरी खाई में गिरा, तीन की मौत; 19 घायल

नैनीताल। उत्तराखंड के नैनीताल जिले में शुक्रवार को दर्दनाक सड़क हादसा हुआ। मुक्तेश्वर घूमकर लौट रहे पर्यटकों से भरा टेंपो ट्रैवलर मल्ला रामगढ़ के पास अनियंत्रित होकर करीब 100 फीट गहरी खाई में जा गिरा। हादसे में तीन पर्यटकों की मौत हो गई, जबकि 19 लोग घायल हुए हैं। वाहन में कुल 22 लोग सवार थे।
जानकारी के अनुसार, हरियाणा के फरीदाबाद से 22 दोस्तों और परिजनों का दल मुक्तेश्वर घूमने आया था। शुक्रवार को सभी पर्यटक भवाली की ओर लौट रहे थे। इसी दौरान मल्ला रामगढ़ के पास लक्ष्मी खान क्षेत्र में टेंपो ट्रैवलर अचानक अनियंत्रित हो गया और सड़क किनारे बने कंक्रीट के पैरापिट को तोड़ते हुए गहरी खाई में जा गिरा। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई।
SDRF और NDRF ने चलाया रेस्क्यू अभियान
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग और राहगीर राहत-बचाव में जुट गए। इसके बाद पुलिस, एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें मौके पर पहुंचीं। खाई काफी गहरी और ढलानदार होने के कारण रेस्क्यू अभियान में काफी मशक्कत करनी पड़ी। टीमों ने रस्सियों और अन्य बचाव उपकरणों की मदद से घायलों को बाहर निकाला।
सभी घायलों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं, दुर्घटना में जान गंवाने वाले यात्रियों के शवों को भी खाई से बाहर निकाला गया।
चार घंटे तक वाहन और पेड़ के बीच फंसा रहा शव
हादसे की भयावहता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि एक मृतक का शव दुर्घटनाग्रस्त वाहन और पेड़ के बीच फंस गया था। रेस्क्यू टीम को शव निकालने में करीब चार घंटे तक मशक्कत करनी पड़ी।
एंबुलेंस देर से पहुंचने पर लोगों में आक्रोश
हादसे के बाद एंबुलेंस सेवा को लेकर भी स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिली। ग्रामीणों का आरोप है कि सूचना दिए जाने के बावजूद 108 एंबुलेंस काफी देर से मौके पर पहुंची। एक एंबुलेंस का एक्सल खराब होने के कारण भी घायलों को अस्पताल पहुंचाने में देरी हुई। घायलों को पहले सीएचसी रामगढ़ और फिर जरूरत के अनुसार हल्द्वानी के सुशीला तिवारी अस्पताल ले जाया गया।



