देहरादून: बिजली मीटर में शॉर्ट सर्किट से घर में लगी आग, उपभोक्ता आयोग ने यूपीसीएल को 2.15 लाख रुपये देने के दिए आदेश

देहरादून। बिजली मीटर में शॉर्ट सर्किट से घर में आग लगने के मामले में उपभोक्ता आयोग ने उत्तराखंड पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीसीएल) को उपभोक्ता को कुल 2.15 लाख रुपये का भुगतान करने का आदेश दिया है। आयोग ने इसे सेवा में कमी मानते हुए 45 दिन के भीतर भुगतान करने के निर्देश दिए हैं।
मामला 25 नवंबर 2014 का है। तड़के करीब 3:30 बजे घर में लगे बिजली मीटर में शॉर्ट सर्किट हुआ, जिसके बाद आग मीटर की वायरिंग, फ्यूज और डीपी स्विच से होते हुए बरामदे तक फैल गई। आग की चपेट में आने से घर में रखा सामान भी क्षतिग्रस्त हो गया।
घटना के बाद शिकायतकर्ता ने पुलिस, अग्निशमन विभाग और विद्युत विभाग को सूचना दी थी। विद्युत निरीक्षक की 21 मई 2015 की रिपोर्ट में आग की शुरुआत मीटर के पास शॉर्ट सर्किट से होने की बात सामने आई थी। रिपोर्ट में सर्विस लाइन पर एरियल फ्यूज नहीं होने का भी उल्लेख किया गया था।
यूपीसीएल ने आयोग के सामने दलील दी कि आग उपभोक्ता के घर की आंतरिक वायरिंग में खराबी के कारण लगी थी। हालांकि, आयोग ने माना कि निगम यह साबित नहीं कर सका कि हादसा केवल आंतरिक वायरिंग की खराबी के कारण हुआ था। आयोग ने बिजली आपूर्ति से संबंधित उपकरणों को सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी यूपीसीएल की मानी।
आदेश के अनुसार, यूपीसीएल को दो लाख रुपये क्षतिपूर्ति, 10 हजार रुपये मानसिक परेशानी और सेवा में कमी के लिए तथा पांच हजार रुपये वाद व्यय के रूप में देने होंगे। इसके अतिरिक्त दो लाख रुपये की क्षतिपूर्ति पर 23 जून 2016 से भुगतान होने तक छह प्रतिशत वार्षिक ब्याज भी देना होगा।



