उत्तराखंड: सड़कों के लिए 297 करोड़ मंजूर, 235 किमी मार्गों के चौड़ीकरण का रास्ता साफ

उत्तराखंड में सड़क कनेक्टिविटी को मजबूत करने की दिशा में केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। प्रदेश में 235 किलोमीटर लंबी नौ सड़कों के चौड़ीकरण के लिए केंद्र ने 297.37 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से राज्य में सड़क संपर्क और बेहतर होगा।
मुख्यमंत्री धामी के अनुसार, राज्य सरकार ने सड़क से जुड़ी कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं के प्रस्ताव केंद्र के सामने रखे थे। इनमें पर्वतीय और सीमांत क्षेत्रों में सड़क संपर्क बेहतर करने पर विशेष जोर दिया गया है। इन परियोजनाओं के जरिए राष्ट्रीय राजमार्ग नेटवर्क को भी विस्तार देने की योजना है।
कई महत्वपूर्ण मार्गों को राष्ट्रीय राजमार्ग नेटवर्क से जोड़ने का प्रस्ताव
सीएम धामी ने 24 जुलाई 2026 को केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात कर इन परियोजनाओं के अनुमोदन का अनुरोध किया था। प्रस्तावित परियोजनाओं में अल्मोड़ा में सिकुड़ा बैंड से एनटीडी तक करीब एक किलोमीटर मोटर मार्ग और सुरंग का निर्माण शामिल है। इसे राष्ट्रीय राजमार्ग-309बी के स्पर के रूप में विकसित करने का आग्रह किया गया है।
इसके अलावा 45 किलोमीटर लंबे सेराघाट-बाड़ेछीना मोटर मार्ग और 72 किलोमीटर लंबे मरचूला-भिकियासैंण मोटर मार्ग को भी राष्ट्रीय राजमार्ग नेटवर्क से जोड़ने का प्रस्ताव दिया गया है। वहीं, कालसी-चकराता के 44 किलोमीटर लंबे मोटर मार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग-707ए और 507 के स्पर के रूप में विकसित करने की मांग की गई है।
अधिकारियों को भेजे गए प्रस्ताव
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने मुख्यमंत्री को बताया कि राज्य सरकार की ओर से भेजे गए अन्य प्रस्तावों को विचार और तकनीकी परीक्षण के लिए संबंधित अधिकारियों के पास भेज दिया गया है। इन प्रस्तावों पर आगे की प्रक्रिया परीक्षण के बाद तय होगी।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि सड़क परियोजनाओं से पर्वतीय और सीमांत क्षेत्रों में आवागमन आसान होगा। साथ ही पर्यटन, व्यापार और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी गति मिलने की उम्मीद है। सरकार का उद्देश्य प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों को बेहतर सड़क संपर्क उपलब्ध कराना और राष्ट्रीय राजमार्ग नेटवर्क का विस्तार करना है।



