मानसून से पहले सरकार की तैयारी: पहाड़ी क्षेत्रों में 1 जुलाई से मिलेगा तीन माह का अग्रिम राशन

उत्तराखंड में मानसून के दौरान संभावित भूस्खलन और सड़क बाधित होने की आशंका को देखते हुए राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। दुर्गम और पर्वतीय क्षेत्रों के राशन कार्ड धारकों को 1 जुलाई से तीन महीने का अग्रिम राशन उपलब्ध कराया जाएगा, ताकि आपदा या मार्ग बंद होने की स्थिति में लोगों को खाद्यान्न की कमी का सामना न करना पड़े।
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग ने इसके लिए तैयारियां शुरू कर दी हैं। पर्वतीय जिलों की उचित दर दुकानों तक समय से खाद्यान्न पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे दूरस्थ गांवों में रहने वाले लोगों को मानसून के दौरान किसी प्रकार की परेशानी न हो।
हर वर्ष बारिश के मौसम में कई ग्रामीण और पहाड़ी क्षेत्रों का संपर्क मुख्य मार्गों से कट जाता है। ऐसे में सरकार की यह पहल खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
अधिकारियों के अनुसार, अग्रिम राशन वितरण का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि खराब मौसम और आपदा की स्थिति में भी लोगों को आवश्यक खाद्यान्न आसानी से उपलब्ध रहे। सरकार ने संबंधित विभागों को समयबद्ध तरीके से वितरण प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए हैं।



