‘भंडारा कर दो बाबूजी’ से मशहूर रामाशंकर का निधन, गरीबों को भोजन कराने वाले शख्स को नम आंखों से दी गई विदाई

हरिद्वार: अपनी भावुक अपील “भंडारा कर दो बाबूजी” से देशभर में पहचान बनाने वाले रामाशंकर का निधन हो गया। उनकी मृत्यु की खबर सामने आते ही सोशल मीडिया पर शोक की लहर दौड़ गई। लोगों ने उन्हें श्रद्धांजलि देते हुए उनकी सादगी, सेवा भावना और जरूरतमंदों के प्रति समर्पण को याद किया।
रामाशंकर को कुछ वर्ष पहले सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो से पहचान मिली थी। उनकी मासूम अपील “भंडारा कर दो बाबूजी” लोगों के दिलों को छू गई थी और देखते ही देखते यह वाक्य पूरे देश में चर्चित हो गया। लोकप्रियता मिलने के बाद भी उन्होंने सादगी नहीं छोड़ी और गरीबों व जरूरतमंदों की मदद के लिए लगातार प्रयास करते रहे।
बताया जाता है कि रामाशंकर अक्सर हरिद्वार और आसपास के क्षेत्रों में जरूरतमंद लोगों के लिए भंडारे आयोजित कराने और उन्हें भोजन उपलब्ध कराने में सक्रिय रहते थे। उनकी यही सेवा भावना उन्हें लोगों के बीच खास बनाती थी। उनके निधन से स्थानीय लोगों के साथ-साथ सोशल मीडिया पर उन्हें चाहने वालों में भी गहरा दुख है।
रामाशंकर के निधन के बाद सोशल मीडिया पर हजारों लोगों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी। उनके वायरल संवाद को याद करते हुए लोग कह रहे हैं कि उनकी सादगी और मानव सेवा की भावना हमेशा लोगों के दिलों में जीवित रहेगी। हालांकि, उनकी मृत्यु से जुड़ी परिस्थितियों को लेकर विभिन्न दावे सामने आए हैं, लेकिन आधिकारिक जानकारी का इंतजार किया जा रहा है।



