उत्तराखंड चुनाव 2027: भाजपा ने चार सबसे चुनौतीपूर्ण सीटों पर शुरू किया माइक्रो मैनेजमेंट, कोर कमेटी के नेताओं को सौंपी जिम्मेदारी

देहरादून: उत्तराखंड विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारियों में जुटी भाजपा ने अपनी चुनावी रणनीति को तेज करते हुए राज्य की चार सबसे चुनौतीपूर्ण विधानसभा सीटों पर विशेष फोकस शुरू कर दिया है। पार्टी ने इन सीटों पर प्रदेश कोर कमेटी के वरिष्ठ सदस्यों की तैनाती कर माइक्रो मैनेजमेंट अभियान शुरू किया है।
भाजपा ने चकराता, पिरान कलियर, मंगलौर और धारचूला जैसी सीटों पर संगठन की विशेष टीमों को जिम्मेदारी सौंपी है। इन क्षेत्रों में बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने, कार्यकर्ताओं के बीच समन्वय बढ़ाने और प्रत्येक मतदाता तक पहुंच सुनिश्चित करने की रणनीति पर काम किया जाएगा।
पार्टी की योजना के तहत प्रत्येक चुनौतीपूर्ण सीट पर प्रदेश कोर कमेटी का एक वरिष्ठ सदस्य चुनाव तक पूरी चुनावी गतिविधियों की निगरानी करेगा। इसके साथ ही बूथ, मंडल, मोर्चा, प्रकोष्ठ और “मन की बात” के समन्वयकों को एक साझा रणनीति के तहत जोड़ा जा रहा है, ताकि जमीनी स्तर पर संगठन की पकड़ मजबूत हो सके।
सूत्रों के अनुसार, भाजपा केवल इन चार सीटों तक सीमित नहीं है, बल्कि यमुनोत्री और भगवानपुर जैसी अन्य चुनौतीपूर्ण सीटों पर भी जीत की रणनीति तैयार करने में जुटी हुई है। पार्टी मुख्यालय से इन विधानसभा क्षेत्रों की लगातार निगरानी की जा रही है और स्थानीय स्तर पर होने वाली गतिविधियों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
उत्तराखंड के गठन के बाद से इन सीटों पर भाजपा को अपेक्षित सफलता नहीं मिल सकी है। ऐसे में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी ने संगठनात्मक मजबूती और बूथ स्तर की रणनीति के जरिए इन सीटों पर चुनावी समीकरण बदलने की तैयारी शुरू कर दी है।



