
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को पत्र लिखकर अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) से आने वाले सांसदों को महत्वपूर्ण विधेयकों पर चर्चा के दौरान बोलने के लिए पर्याप्त समय देने का आग्रह किया है।
मांझी ने अपने पत्र में पांच अगस्त को अपने दिल्ली स्थित आवास पर हुई एनडीए सांसद समूह संवाद बैठक का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि खड़गोन से भाजपा सांसद गजेंद्र सिंह पटेल ने बैठक में SC/ST सांसदों को अपनी समुदाय से जुड़े मुद्दे सदन में उठाने के लिए अधिक अवसर देने की बात रखी थी।
पटेल ने कहा कि सांसदों को बोलने का समय संबंधित राजनीतिक दल को आवंटित समय के आधार पर मिलता है। उनका कहना है कि SC/ST समुदायों से जुड़े मुद्दों को संसद में पर्याप्त जगह देने के लिए अधिक समय मिलना चाहिए।
मांझी ने लोकसभा अध्यक्ष से इस मांग पर आवश्यक कदम उठाने और संबंधित अधिकारियों को निर्देश देने का आग्रह किया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि पांच अगस्त की बैठक केवल SC/ST सांसदों तक सीमित नहीं थी।



