उत्तराखंड के 200 सरकारी स्कूलों में जारी रहेंगे व्यावसायिक (वोकेशनल) कोर्स, शिक्षा मंत्री ने दिए निर्देश

देहरादून। उत्तराखंड सरकार ने राज्य के सरकारी विद्यालयों में कौशल आधारित शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए बड़ा फैसला लिया है। शिक्षा मंत्री ने निर्देश दिए हैं कि प्रदेश के 200 राजकीय विद्यालयों में संचालित व्यावसायिक (वोकेशनल) पाठ्यक्रमों को बिना किसी व्यवधान के जारी रखा जाए, ताकि विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित न हो और उन्हें रोजगारपरक शिक्षा मिलती रहे।
शिक्षा विभाग के अनुसार, इन विद्यालयों में विभिन्न ट्रेडों के तहत छात्रों को व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिससे वे स्कूली शिक्षा के साथ-साथ रोजगार और स्वरोजगार के लिए आवश्यक कौशल भी विकसित कर सकें। सरकार का उद्देश्य राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के अनुरूप विद्यार्थियों को आधुनिक और कौशल आधारित शिक्षा उपलब्ध कराना है।
शिक्षा मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वोकेशनल कोर्स संचालित करने वाले प्रशिक्षकों, संसाधनों और अन्य व्यवस्थाओं में किसी प्रकार की कमी न आने दी जाए। साथ ही विद्यालयों में चल रहे प्रशिक्षण कार्यक्रमों की नियमित निगरानी भी सुनिश्चित की जाए, ताकि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण मिल सके।
सरकार का मानना है कि व्यावसायिक शिक्षा से छात्रों की रोजगार क्षमता बढ़ेगी और वे भविष्य में उद्योगों तथा अन्य क्षेत्रों की आवश्यकताओं के अनुरूप खुद को तैयार कर सकेंगे। इसके अलावा कौशल विकास को बढ़ावा देकर युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में भी यह पहल महत्वपूर्ण साबित होगी।



