उत्तराखंड में महिलाओं के आगे बढ़ने की राह अब भी कठिन: उक्रांद महिला प्रकोष्ठ की केंद्रीय अध्यक्ष मेजर संतोष भंडारी

देहरादून: उत्तराखंड क्रांति दल (उक्रांद) महिला प्रकोष्ठ की केंद्रीय अध्यक्ष मेजर (सेवानिवृत्त) संतोष भंडारी ने कहा कि उत्तराखंड में महिलाओं के लिए आगे बढ़ने की राह आज भी आसान नहीं है। उन्होंने कहा कि समाज और व्यवस्था में महिलाओं को बराबरी का अवसर दिलाने के लिए अभी भी काफी काम किए जाने की जरूरत है।
उन्होंने कहा कि महिलाओं को शिक्षा, रोजगार, राजनीति और निर्णय लेने की प्रक्रिया में अधिक भागीदारी मिलनी चाहिए। यदि महिलाओं को समान अवसर और सुरक्षित वातावरण मिले तो वे हर क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन कर सकती हैं।
मेजर संतोष भंडारी ने कहा कि उत्तराखंड जैसे राज्य में महिलाएं लंबे समय से सामाजिक और आर्थिक जिम्मेदारियों का बोझ उठा रही हैं, लेकिन उनके योगदान को अपेक्षित सम्मान और प्रतिनिधित्व नहीं मिल पाया है। उन्होंने महिलाओं से अपने अधिकारों के प्रति जागरूक होने और सामाजिक व राजनीतिक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की।
उन्होंने कहा कि उक्रांद महिला प्रकोष्ठ राज्यभर में महिलाओं को संगठित करने, उनकी समस्याओं को उठाने और उन्हें नेतृत्व के लिए तैयार करने का अभियान चलाएगा। उनका कहना था कि प्रदेश के विकास में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है।



